गंवईं माटी से गमकत कविता

समीक्षित पुस्तक: पीपर के पतई( भोजपुरी कविता संग्रह) कवि के नाम – जयशंकर प्रसाद द्विवेदी प्रकाशक – नवजागरण प्रकाशन, नई दिल्ली प्रकाशन वर्ष: 2017 पृष्ठों की संख्या -104 समीक्षक- डॉ राजेश कुमार ‘माँझी’   ई बात सबका मालूम बावे कि कविता मूल रूप से पाठक के भावना के उद्दात बनावेले, ओकरा सौंदर्य-बोध में सुधार ले आवेले आउर ओकरा के अपना परिवेश से जोड़ेले। कविता द्वारा पाठक में संवेदनशीलता आउर सुरूचि के भी विकास होखेला। कविता के भाव, विचार आउर शिल्प-सौंदर्य के उद्घाटन सही लय आउर प्रवाहपूर्ण ढंग से पढ़ला से…

Read More